History आयुक्त खाद्य तथा रसद

संगठन-आयुक्त खाद्य एवं रसद

मुख्यालय

      आयुक्त खाद्य तथा रसद की चार शाखाएं - विपणन, आपूर्ति, लेखा, व खाद्य प्रकोष्ठ है। आयुक्त की सहायता के लिए दो अपर आयुक्त, एक उपायुक्त, आपूर्ति शाखा में तीन सहायक आयुक्त, विपणन शाखा में एक मुख्य विपणन अधिकारी व एक संभागीय खाद्य विपणन अधिकारी (मु0) लेखा शाखा में वित्त नियंत्रक व अन्य लेखाधिकारी तथा खाद्य प्रकोष्ठ में एक पुलिस उप महानिरीक्षक सह अपर आयुक्त के अलावा एक पुलिस अधीक्षक व पुलिस उपाधीक्षक के पद स्वीकृत है। विपणन, आपूर्ति, लेखा तथा खाद्य प्रकोष्ठ शाखाओं के विभागाध्यक्ष 'आयुक्त खाद्य तथा रसद' है।

आपूर्ति शाखा

      आपूर्ति शाखा में मण्डल स्तर पर मण्डलायुक्त के निर्देशन में सहायक आयुक्त खाद्य, जिला स्तर पर जिलाधिकारी के निर्देशन में जिला पूर्ति अधिकारी, क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी व निरीक्षकगण कार्यरत है।

      आपूर्ति शाखा का मुख्य दायित्व सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से प्रदेश की जनता को खाद्यान्न एवं अन्य आवश्यक वस्तुओं को उचित मूल्य पर उपलब्ध कराने का है। इसके साथ-साथ खाद्यान्न व अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों पर नियंत्रण रखना, उचित उपलब्धता बनाए रखना व जमाखोरी, काला बाजारी रोकने के उद्वेश्य से आवश्यक वस्तु अधिनियम व उसके अन्तर्गत बने विभिन्न नियंत्रण आदेशों के अन्तर्गत प्रवर्तन कार्य करना है। इन सब कार्यों का पर्यवेक्षण जिला स्तर पर अतिरिक्त जिलाधिकारी (आपूति) जिला पूर्ति अधिकारी/क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी के माध्यम से जिलाधिकारी द्वारा किया जाता है। मण्डल स्तर पर सहायक आयुक्त, खाद्य इस कार्य से जुड़े हुए है।

विपणन शाखा

      विपणन शाखा में संभाग स्तर पर संभागीय खाद्य नियंत्रक, संभागीय खाद्य विपणन अधिकारी तथा जिला स्तर पर जिला खाद्य विपणन अधिकारी तथा वरिष्ठ निरीक्षक/निरीक्षक वर्गीय कर्मचारी कार्यरत है।

      विपणन शाखा का मुख्य दायित्व कृषकों को उनके उपज का लाभकारी मूल्य दिलाने के उद्वेश्य से रबी फसल में मूल्य समर्थन योजना के अन्तर्गत गेंहूँ क्रय कर आवश्यकतानुसार स्टेटपूल व केन्द्रीय पूल में देना है। इसी प्रकार खरीफ की फसल में मूल्य समर्थन योजना के अन्तर्गत ही धान खरीद कर मिलों से चावल कुटवाकर स्टेट पूल में दिया जाता है। साथ ही खरीफ मे लेवी चावल की खरीद करके स्टेट पूल व भारतीय खाद्य निगम को केन्द्रीय पूल के लिए डिलीवरी की जाती है।

      जन वितरण प्रणाली के अन्तर्गत खाद्यान्न भारतीय खाद्य निगम से प्राप्त कर दुकानदारों को उपलब्ध कराया जाता है। इसी प्रकार खाद्य एवं आवश्यक वस्तु निगम द्वारा भी डोर स्टेप डिलीवरी के माध्यम से 24 जिलों में दुकानदारों को खाद्यान्न दिया जाता है। सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अन्तर्गत वर्तमान में चीनी की उपलब्धता सहारनपुर, कानपुर, आगरा, बरेली संभागों में खाद्य विभाग तथा शेष 13 मंडलों में पी0सी0एफ0 द्वारा चीनी मिलों से प्राप्त कर दुकानदारों को उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। प्रदेश में खाद्यान्नों, दालों, तिलहनों, खाद्य तेल, चीनी आदि आवश्यक वस्तुओं की कीमतों पर नियंत्रण रखने व उनकी चोरी व जमाखोरी रोकने के उद्वेश्य से विभिन्न आदेशों के अन्तर्गत नियंत्रण किया जाता है।

लेखा शाखा

      लेखा शाखा के अन्तर्गत वित्तीय प्रबंधन हेतु राज्य स्तर पर वित्त नियंत्रक के अधीन दो उप मुख्य लेखाधिकारी, एक लेखा अधिकारी, तीन सहायक लेखाधिकारी तथा लेखा एवं सम्परीक्षा कर्मचारी वर्ग एवं संभाग स्तर पर वरिष्ठ/संभागीय लेखाधिकारी और उनके अधीन सहायक लेखाधिकारी तथा लेखा एवं सम्परीक्षा कर्मचारी वर्ग कार्यरत है।

Activity Chart गतिविधि चार्ट

कुल अंत्योदय कार्ड
4095385
कुल अंत्योदय लाभार्थी
16417541

कुल पात्र गृहस्ती कार्ड
29127789
कुल पात्र गृहस्ती लाभार्थी
129710366

NFSA में दिए जाने वाले राशन का मूल्य
गेहूं:- 02.00 रुपये प्रति किलो
चावल:- 03.00 रुपये प्रति किलो
चीनी:- 13.50 रुपये प्रति किलो